मज़ा लो





छुट्टी लेने में मज़ा तब आये 

जब छुट्टी को भरपूर जिया जाये ,

ना कोई खिटखिट ना कोई टेंशन 

सुबह के अलार्म को ना दो अटेंशन ,

अपनी मर्ज़ी से नींद को जगाओ 

नहाना है ??? उसे भूल जाओ ,

हाथ में न्यूज़ पेपर ,साथ में चाय की चुस्कियां 

अंगड़ाई लो, मारो सोफे पे गुलाटियां,

आज योग और मॉर्निंग वाक दोनों को सोने दो 

कुछ नहीं करना ,दिमाग को इस ख्याल में खोने दो ,

सुबह का ब्रेकफास्ट रात की रोटी 

लंच की फरमाइश जोमाटो में होगी ,

ना व्हाट्सप्प को देखो ,ना मेल को निहारो 

नींद अभी खुली नहीं ,चाय को पुकारो ,

फ़ोन को म्यूट ,टीवी को लाउड

न्यूज़ चैनल नहीं ,कुछ बोल्ड करो शIउट,

कर लो मज़ा , मौका ना रोज़ आएगा ,

कल की कल पे छोडो , कल कहा ये आज आएगा I


Comments

Post a Comment

Popular posts from this blog

कुछ फुरसत के लम्हे संग गुजरते है

आस्था और विश्वास

पद से कमर तक